प्रेस-विज्ञप्ति

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद व मेला प्रशासन की समन्वय बैठक

अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद और मेला प्रशासन की समन्वय बैठक में प्रशासन के अथक प्रयत्न को संतो ने सराहा और उनके सकारात्मक प्रयासों की सराहना करते हुये प्रयागराज की सूरत बदलने के लिए धन्यवाद एवं आर्शीवाद दिया। जूना अखाड़ा के श्री प्रेम गिरि जी महाराज ने अखाड़ा का काम शीघ्र पूरा करने पर खुशी व्यक्त करते हुए मण्डलायुक्त सहित मेला प्रशासन, पुलिस प्रशासन एवं मेले से जुड़े अन्य अधिकारियों को बधाई देते हुए भूरि-भूरि प्रशंसा की। बैठक के प्रारम्भ में पूज्य मौजगिरि आश्रम के महंत श्री प्रेमगिरि महाराज ने प्रशासन द्वारा मेला बसावट सम्बन्धी व्यवस्थाओं को अग्रिम तौर पर पूरा कर लेने तथा शान्तिपूर्वक भूमि आवेदन का कार्य सम्पन्न कर लेने पर मण्डलायुक्त और मेलाअधिकारी को साधुवाद दिया और कहा कि भव्य एवं दिव्य कुम्भ आयोजन के प्रारम्भ में अधिकारियों द्वारा जिस सूझ-बूझ का परिचय देकर अब तक कुम्भ आयोजन की तैयारियों को परिणाम तक पहुंचाया गया है वह अभूतपूर्व है।

बैठक में अन्य अखाड़ों के महात्माओं ने अखाड़ा परिषद के नेतृत्व में उनके लिए आवंटित भूमि तथा व्यवस्थाओं पर संतोष जताते हुए कहा कि अब समय कुम्भ के आयोजन को भव्य रूप देने का है, किसी प्रकार टीका-टिप्पणी करने का नहीं है। इसलिए अब सभी का प्रयास पूरी दुनिया के सामने अप्रतिम बनाने का होना चाहिए। अखाड़ा परिषद ने मेला प्रशासन की व्यवस्था पर संतोष और खुशी जताया। अखाड़ा परिषद ने कुछ समस्याओं की ओर मेला प्रशासन का ध्यान आकृष्ट किया और कई महत्वपूर्ण सुझाव और मार्गदर्शन भी दिये। कमिश्नर प्रयागराज मण्डल डाॅ0 आशीष कुमार गोयल ने कार्यदायी संस्थाओं एवं मेला प्रशासन से जुड़े अधिकारियों को निर्देश दिया कि अखाड़ों की समस्याओं को गम्भीरता से लेते हुए सर्वोच्च प्राथमिकता पर दूर करना सुनिश्चित करें। शुक्रवार को मेला स्थित मेला प्रशासन के सभागार में अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत श्री नरेन्द्र गिरी जी महाराज की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में आयुक्त ने बाघम्बरी सड़क को हर हालत में 09 दिसम्बर तक बनाने के निर्देश दिये। साथ ही इसी समय सीमा के अन्तर्गत मटियारा रोड, कुन्दन गेस्ट हाउस और दारागंज अण्डर पास रोड को भी पूरा कराने का निर्देश दिया। उन्होंने जोर दे कर कहा कि जो भी समस्यायें है उसे अधिकारीगण शीघ्र ही हल करें। कहा कि जो भी अखाड़ा परिषद द्वारा विषय उठाये गये है और सुझाव दिये गये है उसकों अमल में लाया जायेगा। प्रशासन की ओर से प्रयास में कोई कमी नहीं है। जहां पर जर्जर तारों की समस्यायें है उसको पहले से ठीक कराया जा रहा है। मेला क्षेत्र में पेशवाई मार्ग और सड़कों को भी शीघ्र ठीक कराने का आश्वासन दिया। इसके अलावा शहर में सड़को के काम को भी शीघ्र पूरा कर लिया जायेगा। इस प्रकार शहर को सजाने और सुन्दर बनाने का बेहतर प्रयास चल रहा है। कुम्भ मेला को भव्य एवं दिव्य बनाने को मूतरूप दिया जा रहा है। साधु - संतो का पूरा ख्याल रखा जा रहा है और साधु - संतो का पूरा ख्याल रखने का मा0 मुख्यमंत्री जी का भी निर्देश है। ये भी आश्वस्त किया कि प्रशासन की पूरी टीम पूरे मनोयोग से साधु - संतो की सेवा में तत्पर रहेगी। मण्डलायुक्त ने सभी संतो से कुम्भ मेला को सकुशल सम्पन्न कराने में आर्शीवाद मांगा।

पुलिस महानिरीक्षक श्री मोहित अग्रवाल ने भी कहा कि मेले के दौरान साधु-संतो की जो भी समस्यायें होंगी, उसको दूर किया जायेगा। अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष के मार्गदर्शन में शाही स्नान के रूट को निर्धारित किया जायेगा। उन्होंने अखाड़ा परिषद से अनुरोध किया कि किसी नये व्यक्ति को अखाडें में प्रवेश देंगे तो उसके बैकग्राउण्ड के बारे में पूरी तरह से जानकारी होनी चाहिए। ताकि कोई संदिग्ध व्यक्ति न प्रवेश कर सके। संदिग्ध व्यक्तियों पर निगरानी रखने की जरूरत है। यदि कोई भी संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दे तो पुलिस को तुरन्त बतायें। पुलिस पांच मिनट में पहुंच जायेेगी। उन्होंने कहा कि पुलिस का नम्बर और चार्ट दिया जायेगा। ताकि जरूरत पड़ने पर साधु-संत सम्पर्क कर सकें।

मेलाधिकारी श्री विजय किरन आनन्द ने कहा कि पहले भी साधु-संतो के मार्ग-दर्शन में कार्य करते रहे है और आगे भी करते रहेंगे। दारागंज में अतिक्रमण को नगर निगम द्वारा हटाया जायेगा। अखाड़ा परिषद के शिविरों को बेहतर बनाने में कोई कमी नहीं रहेगी। जो भी परम्परा है उसका पालन किया जायेगा। अखाड़ों के सेक्टर में बसावट के जो भी कार्य शेष है उसको तत्काल कार्यदायी संस्थायें पूरा करें। साथ ही कार्यदायी संस्थाओं को सचेत किया कि इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। मेलाधिकारी ने 2013 के कुम्भ मेला के शाही स्नान के बारे में क्रम मार्ग और समय के निर्धारण की जानकारी दी। इस कुम्भ मेले में अखाड़ों के प्रस्तावित आने-जाने के मार्गों की भी जानकारी दी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुम्भ मेला श्री के0पी0 सिंह ने आश्वस्त किया कि पुलिस प्रशासन साधु-संतो की सेवा की भावना से पूरा सहयोग करेगा। मेलाधिकारी ने अखाड़ो के निर्माण कार्यों की पूरी जानकारी देते हुए बताया कि कई अखाड़ों के निर्माण कार्य पूरे हो चुके है।

अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत श्री नरेन्द्र गिरि जी महाराज ने कुछ समस्याओं की ओर प्रशासन का ध्यान आकृष्ट कराया। उन्होंने शाही स्नान के लिए पुल को बढ़ाने की मांग रखी। साथ ही बाघम्बरी रोड को ठीक करने, अखाड़ों में शौचालयों की बेहतर व्यवस्था, पास की व्यवस्था और अखाड़ों के सामने की सड़क को और बेहतर बनाने को कहा। उन्होंने शाही स्नान मार्ग को एक बार अखाड़ा परिषद को निरीक्षण कराने का सुझाव दिया। मेला को सकुशल सम्पन्न कराने में अखाड़ा परिषद मेला प्रशासन को पूरा सहयोग करेगा। p >

अखाड़ा परिषद के महामंत्री महंत श्री हरि गिरि जी महाराज ने बैठक को सुन्दर एवं शान्तिपूर्ण माहौल में सम्पन्न होने पर खुशी जताया। उन्होंने मच्छरों की समस्याओं को दूर करने के लिए नालियों को ढकने का सुझाव दिया। महंत जी ने मार्गो का नाम ऋषियों के नाम पर करने का भी सुझाव दिया। इसके अलावा प्रयागराज की धार्मिक पहचान के लिए त्रिशुल की अस्थापना करने का भी सुझाव दिया। कहा कि इस तरह के त्रिशुल उनके द्वारा नासिक और उज्जैन में खड़ा किया गया है। प्रारम्भ में कमिश्नर डाॅ0 आशीष कुमार गोयल, पुलिस महानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुम्भ मेला ने अखाड़ा परिषद के साधु-संतो को माला पहनाकर स्वागत किया और उनका आर्शीवाद लिया।

बैठक में नगर आयुक्त श्री उज्जवल कुमार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कुम्भ मेला के0पी0 सिंह, कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारीगण सहित विभिन्न अखाड़ो के सभी प्रमुख साधु-संत मौजूद थे।

Friday, 7 दिसम्बर 2018